बिजेन्द्र शीर्षवाल
राष्ट्रीय तीरंदाजी चैम्पियनशिप में बेटियों ने लहराया परचंम, मुख्य विकास अधिकारी डॉ ललित नारायण मिश्र ने पदक वितरित किए।
हरिद्वार : एस एम जे एन पीजी कॉलेज हरिद्वार में आयोजित चौथी तीरंदाजी 6 दिवसीय राष्ट्रीय चैंपियनशिप के दूसरे दिन पदक विजेताओं को मुख्य अतिथि हरिद्वार के मुख्य विकास अधिकारी डॉ ललित नारायण मिश्र ने पदक वितरित किए।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी डॉ मिश्र ने कहा कि तीरंदाजी हमारी प्राचीन खेल पद्धति है,जो शौर्यता एवं वीरता की प्रतीक है। और इस पारंपरिक खेल को आज के आधुनिक युग में जीवित बनाए रखना बहुत महत्वपूर्ण है इसके लिए उन्होंने इस खेल के आयोजक आरजेके संस्था के पदाधिकारियों एवं खिलाड़ियों को शुभकामनाएं और बधाई दी।
मुख्य विकास अधिकारी डॉ मिश्र ने कहा कि खेलों से मनुष्य का जीवन स्वस्थ रहता है और उसका मानसिक विकास होता है उन्होंने कहा कि खेल राष्ट्रीय भावना के प्रतीक है।
आर जेके संस्था के निदेशक कुलदीप चौहान ने मुख्य विकास अधिकारी डॉ मिश्र को पुष्प गुच्छ एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर उनका स्वागत किया। चौहान ने बताया कि चौथी तीरंदाजी राष्ट्रीय चैंपियनशिप में देश के 27 राज्यों के 700 से ज्यादा युवा भाग ले रहे हैं। इस चैंपियनशिप में उत्तराखंड,उत्तर प्रदेश, झारखंड, हरियाणा, राजस्थान,जम्मू कश्मीर आदि राज्यों के खिलाड़ी भाग ले रहे हैं। आरजेके फाउंडेशन प्रतियोगिता का आयोजन कर रहा है। आज दूसरे दिन अंडर 13 और अंडर 18 वर्ग के विजेता खिलाड़ियों को प्रस्तुत किया गया सबसे ज्यादा मैडल प्राप्त करने में लड़कियां आगे रही। इस अवसर पर विजेताओं को आरजेके संस्था के मुख्य संरक्षक नरेश चौहान, संस्था के निदेशक रमेश प्रसाद, डॉ राधिका नागरथ, सिल्वर लाइन प्रेस्टीज स्कूल गाजियाबाद की खेल विभाग की विभागाधक्ष प्रतिमा झा, एडवोकेट अतुल बिश्नोई, अंतर्राष्ट्रीय कोच संदीप डुकलान, सूबेदार मेजर हेमचंद्र हरबोला,राष्ट्रीय कोच श्रीधर ने मेडल वितरित किए। श्री बालाजी गौशाला की ओर से सभी विजेता खिलाड़ियों को गाय का शुद्ध देसी घी वितरित किया गया।
