वन विभाग के एसडीओ के समर्थन में उतरा जन संघर्ष मोर्चा, सिस्टम पर उठाए सवाल,वन अधिकारी की सुरक्षा के इंतजाम कराये पुलिस- प्रशासन, वन विभाग अधिकारी का सम्मान करने के बजाय उत्पीड़न करने से आए बाज।
देहरादून / विकासनगर : जन संघर्ष मोर्चा ने वन विभाग कालसी के एसडीओ राजीव नयन नौटियाल पर हुए हमले के मामले में खुलकर समर्थन देते हुए साफ कहा है कि वह ईमानदार अधिकारियों के साथ मजबूती से खड़ा है और किसी भी प्रकार का शोषण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मोर्चा के जिला मीडिया प्रभारी प्रवीण शर्मा पिन्नी ने कहा कि 27 फरवरी को एसडीओ नौटियाल पर माफिया गुर्गों द्वारा किया गया हमला न केवल एक अधिकारी पर हमला है, बल्कि पूरे सिस्टम की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है।
उन्होंने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि अपने ही अधिकारी पर हमले के बाद विभाग की ओर से अपेक्षित सख्त कार्रवाई और समर्थन नजर नहीं आया। मोर्चा ने हैरानी जताई कि एक कर्मठ व ईमानदार अधिकारी का समर्थन करने के बजाय विभाग द्वारा माफियाओं के दबाव में हल्द्वानी तबादला किया गया, जिस पर मा. न्यायालय द्वारा रोक लगाई गयी। प्रवीण शर्मा पिन्नी ने सवाल उठाया कि आखिर क्यों ईमानदारी से कार्य कर रहे अधिकारियों को अकेला छोड़ दिया जाता है, क्या कारण है कि माफिया तत्वों के हौसले इतने बुलंद हैं कि वे खुलेआम अधिकारियों पर हमला कर रहे हैं? उन्होंने कहा कि यदि समय रहते ऐसे मामलों में कठोर कार्रवाई नहीं की गई, तो इससे पूरे प्रशासनिक तंत्र की साख पर असर पड़ेगा। उन्होंने यह भी कहा कि वन अधिकारी की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार और विभाग की जिम्मेदारी है, लेकिन मौजूदा हालात यह दर्शाते हैं कि सिस्टम कहीं न कहीं कमजोर पड़ रहा है। पिन्नी ने कहा कि पछवादून क्षेत्र में माफिया गिरी व उगाई गैंग को मोर्चा किसी भी सूरत में नहीं बख्सेगा।
मोर्चा इस पूरे प्रकरण में निष्पक्ष जांच, दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और अधिकारी की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम की मांग करता है।
जन संघर्ष मोर्चा ने चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो, इन माफिया तत्वों के रेत-बजरी कारोबार को हमेशा के लिए बंद कराने की दिशा में काम किया जाएगा और विभाग व पुलिस- प्रशासन के खिलाफ मोर्चा आंदोलन करने को बाध्य होगा।
पत्रकार वार्ता में- प्रमोद शर्मा व अतुल हांडा मौजूद रहे ।
